शनिवार को कलेक्टर कार्यालय स्थित एडीएम कक्ष में अपर कलेक्टर श्री मिलिंद नागदेवे की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य जिले में सड़क सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करना, दुर्घटनाओं पर रोकथाम के लिए रणनीति तैयार करना तथा ब्लैक स्पॉट्स की पहचान कर आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करना था
वर्षाकाल के दौरान नगरीय क्षेत्रों की सड़कों पर विचरण कर रहे गौवंश को गौशालाओं में स्थानांतरित किया जाए।
आकाशवाणी तिराहे पर ट्रैफिक सिग्नल की व्यवस्था की जाए।
गल्ला मंडी क्षेत्र में दोपहिया एवं चारपहिया वाहनों के लिए पार्किंग विकसित की जाए।
छत्रसाल चौराहे का चौड़ीकरण प्राथमिकता पर हो।
ऑटो एवं ई-रिक्शा पार्किंग के लिए शीघ्र टेंडर प्रक्रिया प्रारंभ की जाए।
ट्रांसपोर्ट नगर में आवश्यक मरम्मत कार्य कराए जाएं।
प्रमुख चौराहों पर हाई लाइट मास्क (उच्च प्रकाश व्यवस्था) की स्थापना की जाए।
एनएचएआई को झांसी-खजुराहो मार्ग पर आवारा पशुओं की रोकथाम के लिए तत्काल प्रभाव से टीम सक्रिय करने को कहा गया।
आरटीओ विभाग को स्कूल बसों और हेलमेट नियमों की नियमित जांच का अभियान चलाने हेतु निर्देशित किया गया।
ईई पीडब्ल्यूडी को वर्षा से क्षतिग्रस्त सड़कों की तत्काल मरम्मत के लिए कहा गया।
।बैठक में यातायात प्रभारी श्री बृहस्पति साकेत ने विभिन्न चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स की जानकारी दी। इनमें प्रमुख रूप से बसारी तिराहा, गढ़ा तिराहा (बमीठा एनएचएआई रोड), और अनगोर बस स्टैंड से अस्पताल तिराहा शामिल हैं। इन स्थलों पर सर्विस रोड निर्माण, फ्लाई ओवर, स्पीड ब्रेकर, और कौशन बोर्ड लगाए जाने के प्रस्ताव प्रस्तुत किए गए। रिपोर्ट के अनुसार, जिले में ब्लैक स्पॉट्स की संख्या में कमी आई है, जो सकारात्मक संकेत है।
इस महत्वपूर्ण बैठक में संयुक्त कलेक्टर श्री बलवीर रमन, ईई पीडब्ल्यूडी श्री आर.एस. शुक्ला सहित ट्रैफिक पुलिस, नगरपालिका, एनएचएआई, आरटीओ, और अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में सभी विभागों को स्वीकृत कार्ययोजना के अनुसार निर्धारित समयसीमा में कार्रवाई करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए।
