मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि भारत की पहचान इसकी प्राचीन ऋषि परंपरा और आध्यात्मिक संस्कृति से है। उन्होंने कहा कि दद्दा जी ने करोड़ों शिवलिंग निर्माण करवाकर समाज में भक्ति और संस्कृति की भावना को जीवित रखा है।
मुख्यमंत्री ने कहा, “दद्दा जी से मिलना मेरे जीवन का सौभाग्य है। उन्होंने सत्संग और भक्ति के माध्यम से समाज को संस्कार दिए, जिससे लोगों के विकार दूर होते हैं और जीवन धन्य हो जाता है।”
डॉ. यादव ने कहा कि शिव निराकार ब्रह्म हैं और महाकाल की कृपा सभी पर बनी हुई है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार भगवान श्रीराम और श्रीकृष्ण से जुड़े सभी स्थलों को तीर्थ के रूप में विकसित करने की दिशा में काम कर रही है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ये बातें कटनी जिले के झिंझरी स्थित दद्दा जी धाम में आयोजित प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव और असंख्य पार्थिव शिवलिंग निर्माण महारुद्राभिषेक के दौरान कही।

