Breaking News

राजनगर में शिक्षक भर्ती घोटाला सरकारी पैसे का दुरुपयोग लाखों रुपये अपने चहेतों के खातों में डाले गए.

राजनगर में शिक्षक भर्ती घोटाला

राजनगर में अतिथि शिक्षक भर्ती से जुड़ा एक बड़ा घोटाला सामने आया है. इस मामले में तत्कालीन विकासखंड शिक्षा अधिकारी (Block Education Officer) समेत 19 शिक्षकों और कई अन्य अज्ञात लोगों पर धोखाधड़ी का आरोप लगा है. राजनगर सिविल कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने सभी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है. दरअसल, इस घोटाले के तार साल 2017-18 से जुड़े हुए हैं. ये फर्जीवाड़ा राजनगर विकासखंड के कर्री संकुल में हुआ था. आरोप है कि तत्कालीन BEO और संकुल प्राचार्य ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर अतिथि शिक्षकों की भर्ती कराई. इसके बाद लाखों रुपये की सरकारी राशि गलत तरीके से अपने चहेतों के खातों में ट्रांसफर कर दी गई.

कोर्ट ने दिया ये आदेश

राजनगर सिविल कोर्ट के न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी अमोघ अग्रवाल ने इस मामले को गंभीर मानते हुए पुलिस को धारा 420, 465, 469, 120 बी के तहत केस दर्ज करने का आदेश दिया. कोर्ट ने पुलिस से 30 दिनों के भीतर मामले में आगे की रिपोर्ट पेश करने को कहा है.

जांच में क्या मिला ?

जांच में पता चला कि फर्जी दस्तावेजों के आधार पर भर्ती की गई थी. साथ ही भर्ती प्रक्रिया में शामिल अधिकारियों और शिक्षकों ने सरकारी पैसे का दुरुपयोग किया. वहीं, लाखों रुपये अपने चहेतों के खातों में डाले गए. शिकायतकर्ता रविंद्र मिश्रा का कहना है कि उन्होंने इस मामले को लेकर कई बार भोपाल और छतरपुर तक शिकायतें कीं, लेकिन हर बार मामले को दबा दिया गया. उन्होंने बताया कि जब भी वह अधिकारियों से न्याय की बात करते, उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता. कुछ लोग उन्हें पैसे देकर मामला खत्म करने की बात कहकर धमकाते थे.

8 सालों तक लड़ी लड़ाई

शिकायतकर्ता रविंद्र मिश्रा ने इस घोटाले को उजागर करने के लिए पिछले 8 सालों से लड़ाई लड़ी. उन्होंने शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों से कई बार शिकायत की लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई. आखिरकार उन्होंने न्यायालय की शरण ली.

पुलिस ने लिया एक्शन 

कोर्ट के आदेश पर राजनगर पुलिस ने 22 जनवरी को इस मामले में FIR दर्ज की. आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज तैयार करने और सरकारी पैसे के दुरुपयोग जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं पुलिस सभी नामजद आरोपियों की जांच करेगी. दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी.

Related posts

आज लोकप्रिय छतरपुर विधायक श्रीमती ललिता यादव जी के नेतृत्व में डीलमणि सिंह (बब्बू राजा)जी के छोटे पुत्र राजमणि सिंह जी

khabarsamayper

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि लोकतंत्र भारतीय सभ्यता और संस्कृति का अभिन्न अंग है। यह केवल एक शासन प्रणाली नहीं, बल्कि हमारी जीवनशैली की आत्मा और पहचान है

khabarsamayper

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश को दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र में अग्रणी बनाने के लिए दुग्ध उत्पादन में सहकारिता बढ़ाएं।

khabarsamayper

Leave a Comment