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शासन की उपार्जन नीति के तहत किसान भाई जिन्होंने किसी भी केन्द्र का पंजीयन कराया हो, वह अपनी सुविधा अनुसार जिले के किसी भी केन्द्र पर फसल बेंच सकते हैं।

कलेक्टर श्री पार्थ जैसवाल के निर्देशन में शुक्रवार को एसडीएम सहित अन्य राजस्व अधिकारियों ने जिले के गेहूं उपार्जन केन्द्रों का निरक्षण कर व्यवस्थाओं का अवलोकन कर केन्द्र प्रभारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

अधिकारियों द्वारा निर्देश दिए गए कि जिन केन्द्रों पर खरीदी भण्डारण में ज्यादा मात्रा में गेहंू रखा हुआ है। इसे सुरक्षात्मक और वर्षा के दृष्टिगत भारतीय खाद्य निगम वेयर हाउस हरपालपुर पहुंचाने के जिला प्रबंधक आपूर्ति निगम को निर्देश दिए गए। साथ ही परिवहनकर्ता को ज्यादा गाड़ी लगाकर भण्डारित गेहूं को केन्द्र से परिवहन करने के निर्देश दिए गए। साथ ही किसानों के लिए मूलभूत सुविधाएं जैसे पानी, छायादार बैठने की व्यवस्था आदि को बेहतर रखने के निर्देश दिए गए। जिले में 80 में से 25 केन्द्र संचालित हो चुके है। शेष को शीघ्र चालू करने के लिए भी निर्देशित किया गया।

शासन की उपार्जन नीति के तहत किसान भाई जिन्होंने किसी भी केन्द्र का पंजीयन कराया हो, वह अपनी सुविधा अनुसार जिले के किसी भी केन्द्र पर फसल बेंच सकते हैं।

एसडीएम सहित अन्य राजस्व अधिकारियों द्वारा उपार्जन केन्द्र मऊसहानियां, बक्सवाहा, मुंडेरी, लवकुशनगर, गढ़ीमलहरा, महाराजपुर, मनिया, सेडारा, सेवार एवं बमनोरा सहित जिले के अन्य केन्द्रों का निरीक्षण किया गया।

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