
चित्रकूट — राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा है कि शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान देना नहीं बल्कि समाज के वंचित वर्ग को उन्नति के मार्ग पर अग्रसर करना भी है। उन्होंने उपाधि धारकों से कहा कि सफलता और समृद्धि के शिखर पर पहुंचने पर भी अपने माता-पिता, शिक्षकों, समाज और देश को कभी न भूलें।
राज्यपाल श्री पटेल शनिवार को महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय के 13वें दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर 37 छात्रों को पीएचडी, 540 छात्रों को स्नातक तथा 222 छात्रों को स्नातकोत्तर उपाधियाँ प्रदान की गईं।
कार्यक्रम में राज्यपाल एवं उच्च शिक्षा मंत्री श्री इंदर सिंह परमार ने “ग्रामोदय से राष्ट्रोदय” थीम पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया। राज्यपाल ने नानाजी देशमुख के कार्यों को स्मरण करते हुए कहा कि विद्यार्थियों को नानाजी के आदर्शों से प्रेरणा लेकर समाज और राष्ट्र के उत्थान में योगदान देना चाहिए।
उच्च शिक्षा मंत्री श्री इंदर सिंह परमार ने विद्यार्थियों से कहा कि वे उपाधि के साथ नानाजी देशमुख के आदर्शों को जीवन में अपनाएँ। उन्होंने कहा कि सत्य, निष्ठा और परिश्रम से की गई पढ़ाई देश की संपत्ति होती है।
राज्यपाल श्री पटेल ने प्रवास के दौरान मैहर में माँ शारदा देवी के दर्शन कर प्रदेशवासियों की खुशहाली और समृद्धि की कामना भी की।
