मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश के वनांचल में स्थित आस्था स्थल न केवल आध्यात्मिक महत्व रखते हैं, बल्कि जैव विविधता संरक्षण, पारिस्थितिकी संतुलन और सांस्कृतिक विरासत को बनाए रखने में भी अहम भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने इन स्थलों को देवलोक वनों के रूप में विकसित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
साथ ही मुख्यमंत्री ने प्रदेश की प्रमुख नदियों के किनारों पर 5 किलोमीटर क्षेत्र में पौधारोपण गतिविधियों को प्रोत्साहित करने और नगर वनों के उचित विकास व रखरखाव के निर्देश दिए।
