Breaking Newsअन्य

यमुना एक्सप्रेसवे हादसा: शवों की पहचान बनी चुनौती, डीएनए जांच पर टिकी परिजनों की उम्मीद

मथुरा के यमुना एक्सप्रेसवे पर हुए भीषण सड़क हादसे के बाद अब सबसे बड़ी चुनौती मृतकों की पहचान बन गई है। हादसे में आग लगने से 15 शव पूरी तरह झुलस गए, जिससे उनकी शिनाख्त लगभग असंभव हो गई है। ऐसे में अब मृतकों की पहचान डीएनए जांच के जरिए ही की जा सकेगी।

शवों के अवशेषों की पहचान के लिए आगरा, लखनऊ और गाजियाबाद से फॉरेंसिक विशेषज्ञों की टीमें जुटाई गई हैं। सभी शवों के सैंपल सुरक्षित रूप से लेकर डीएनए प्रोफाइलिंग की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। प्रशासन ने परिजनों से भी डीएनए सैंपल देने की अपील की है, ताकि मिलान कर पहचान सुनिश्चित की जा सके।

हादसे के बाद से मृतकों के परिजन मोर्चरी और पुलिस थानों के चक्कर काट रहे हैं। अपनों की एक झलक पाने की आस में परिवारों की आंखें नम हैं और हर कोई डीएनए रिपोर्ट का बेसब्री से इंतजार कर रहा है।

Related posts

नरवाई जलाने के परिणाम आत्मघाती है, नरवाई नहीं जलाएं धुएं से बनता है कार्बन डाइऑक्साइड तापमान में होती वृद्धि नरवाई से जैविक खाद बनाएं

khabarsamayper

बंद गौशालाओं का तत्काल संचालन कराएं : जिला पंचायत सीईओ नमः शिवाय अरजरिया

khabarsamayper

बुंदेलखंड में राजनैतिक संग्राम, भाजपा का एक ओर अभेद्य किला दमोह लोकसभा क्षेत्र: 35 साल से कांग्रेस ने नहीं देखी जीत.!!

khabarsamayper

Leave a Comment