मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित चौथे नेशनल कॉन्फ्रेंस फॉर HR-CSR ‘अभ्युदय’ का शुभारंभ किया। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण के जीवन को समाज के लिए आदर्श बताते हुए कहा कि श्रीकृष्ण ने सत्ता मिलने के बावजूद स्वयं राजा बनना पसंद नहीं किया और जीवनभर मानव धर्म व राजधर्म निभाया। मुख्यमंत्री ने बताया कि मध्यप्रदेश सरकार भगवान श्रीराम से जुड़े स्थलों को श्रीराम वन गमन पथ और भगवान श्रीकृष्ण से जुड़े स्थलों को श्रीकृष्ण पाथेय के माध्यम से तीर्थ के रूप में विकसित कर रही है। साथ ही, श्रीकृष्ण के जीवन पर शोध करने वाले शोधार्थियों और संस्थाओं को सहयोग देने की बात भी कही।
