छतरपुर।
छतरपुर जिले के नौगांव थाना क्षेत्र अंतर्गत 70वें मेला महोत्सव के दौरान पुलिस की सतर्कता और संवेदनशीलता का सराहनीय उदाहरण देखने को मिला। मेला ग्राउंड में भटके एक 3 वर्षीय बालक और एक 3 वर्षीय बालिका को पुलिस ने मात्र एक घंटे के भीतर उनके परिजनों से सुरक्षित रूप से मिलवा दिया।
पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर मेला परिसर में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर व्यापक पुलिस प्रबंध किए गए हैं। “चक्षु अभियान” के तहत पूरे मेला परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों से निरंतर निगरानी की जा रही है। साथ ही पुलिस सहायता केंद्र भी सक्रिय रखा गया है।
इसी दौरान पुलिस को अलग-अलग समय पर एक बालक और एक बालिका मिले, जो अपने परिजनों से बिछुड़ गए थे। पुलिस ने दोनों बच्चों को स्नेहपूर्वक संरक्षण में लेकर पुलिस सहायता केंद्र पहुंचाया और तुरंत माइक से अनाउंसमेंट करवाया गया। मेला परिसर एवं आसपास के क्षेत्र में भ्रमण कर परिजनों की तलाश की गई।
लगातार प्रयासों के बाद मात्र एक घंटे के भीतर दोनों बच्चों को उनके परिजनों को विधिवत सौंप दिया गया। बच्चों को सुरक्षित पाकर परिजनों की आंखों में राहत और खुशी साफ नजर आई। उन्होंने पुलिस की त्वरित कार्यवाही के लिए आभार जताया।
पुलिस के अनुसार बीते एक माह में जिले के विभिन्न मेलों में भटके 17 से अधिक बालक-बालिकाओं को सुरक्षित परिजनों से मिलवाया गया है, वहीं नौगांव मेला क्षेत्र में अब तक तीन बच्चों को सकुशल वापस पहुंचाया गया है।
इस सराहनीय कार्यवाही में थाना प्रभारी नौगांव निरीक्षक वाल्मीकि चौबे, सहायक उपनिरीक्षक भूरेलाल, प्रधान आरक्षक जयकुमार तथा आरक्षक कुलदीप, कमलेश, सत्येंद्र, अर्पित एवं पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

