अन्य

गुटखे और तम्बाखू की पीक से छतरपुर अस्पताल की दीवारे हुई लाल

छतरपुर कलेक्टर संदीप जी आर के प्रयासों के बाद भी नहीं प्रतिबंधित हो पा रहा जिला अस्पताल में गुटखा।
केवल नाम के लिए हो रही कार्रवाई।
छतरपुर जिला अस्पताल की हालत बहुत बुरी है सफाई की बात की जाये तो जहाँ देखो गुटखा और पान के थूकने के निशान है इस पर न तो अस्पताल के कर्मचारी कोई ध्यान दे रहे है और न ही लोगो में किसी भी प्रकार की कोई जागरूकता दिखाई देती है। छतरपुर कलेक्टर संदीप जी आर समय समय पर अस्पताल का निरिक्षण करते रहते है लेकिन लापरवाही के कारन अस्पताल की व्यवस्थाओ में कोई भी सुधार दिखाई नहीं दे रहा है। अगर साफ सफाई की बात की जाये तो अस्पताल की हालत बहुत बुरी है।

Related posts

विश्व खाद्य दिवस पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया अन्नदाताओं को नमन

khabarsamayper

महिला एवं बालिका हितेषी पंचायतों की दिशा में कदम — छतरपुर में जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित

khabarsamayper

छतरपुर में हादसे में 2 महिलाओं की मौत: बमीठा में पानी के टैंक में गिरी गर्भवती महिला, बिजावर में नवविवाहिता कुएं में गिरी

Admin

Leave a Comment