मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंत्रालय में आयोजित पशुपालन एवं डेयरी विभाग की समीक्षा बैठक में निर्देश दिए कि प्रदेश में गोपालन को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयास जारी रहें। उन्होंने कहा कि दुग्ध सहकारी समितियों की संख्या लगातार बढ़ाई जाए और दुग्ध उत्पादन को दोगुना करने के लक्ष्य को प्राप्त करने हेतु सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं।
बैठक में बताया गया कि पिछले एक वर्ष में प्रदेश में लगभग 1000 नई दुग्ध सहकारी समितियां गठित की गई हैं और 585 निष्क्रिय समितियों को फिर से सक्रिय किया गया है। मुख्यमंत्री ने डेयरी सेक्टर में हुई उपलब्धियों को आगे भी कायम रखने के निर्देश दिए। बैठक में राज्यमंत्री लखन पटेल सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
