नई दिल्ली। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दिल्ली में आयोजित 7वें अंतर्राष्ट्रीय नवकरणीय ऊर्जा सम्मेलन में शामिल होकर मध्यप्रदेश की हरित ऊर्जा को लेकर प्रतिबद्धता जताई। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश वर्ष 2030 तक देश के 500 गीगावॉट गैर-जीवाश्म ऊर्जा क्षमता के राष्ट्रीय लक्ष्य को हासिल करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता से काम कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश नवकरणीय ऊर्जा, ऊर्जा भंडारण और हरित औद्योगिक विकास के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है और देश के अग्रणी राज्यों में अपनी अलग पहचान बना चुका है।
सम्मेलन में शामिल होने के लिए मुख्यमंत्री ने एयरपोर्ट से दिल्ली मेट्रो की एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन से शिवाजी स्टेडियम तक यात्रा की। मेट्रो से सफर के जरिए उन्होंने स्वच्छ, पर्यावरण-अनुकूल सार्वजनिक परिवहन और हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने का संदेश दिया।
दिल्ली मेट्रो अपने संचालन में बड़े स्तर पर सौर ऊर्जा का उपयोग करती है। मुख्यमंत्री की यह यात्रा हरित ऊर्जा और सतत विकास के प्रति मध्यप्रदेश की प्रतिबद्धता के प्रतीक के तौर पर सामने आई।
